न्यूनतम वेतन तय करने के लिए बनी मिश्रा कमेटी, ट्रेड यूनियनों से सलाह नहीं

श्रम और रोजगार मंत्रालय ने न्यूनतम मजदूरी और राष्ट्रीय स्तर पर न्यूनतम मजदूरी तय करने के लिए एक विशेषज्ञ समूह का गठन किया है। यह समूह मंत्रालय को कुछ तकनीकी …

पूरा पढ़ें
construction workers gujarat

न्यूनतम मजदूरी तय करने के लिए केन्द्र सरकार ने गठित की समिति

केन्द्र सरकार ने राष्ट्रीय न्यूनतम मजदूरी तय करने के लिए एक विशेष समूह का गठन किया है। विशेषज्ञ समूह की अध्यक्षता इंस्टीट्यूट ऑफ इकोनॉमिक ग्रोथ के निदेशक प्रोफेसर अजीत मिश्रा …

पूरा पढ़ें
https://www.workersunity.com/wp-content/uploads/2021/05/mcdonalds-strike-fight-for-15.jpg

अमेरिका के 15 राज्यों में मैकडॉनल्ड कर्मचारी गए हड़ताल पर, समर्थन में आईं बड़ी हस्तियां

न्यूनतम वेतन और यूनियन बनाने के अधिकार को लेकर अमेरिका में चली आ रही लंबी लड़ाई में मैकडॉनल्ड्स के कर्मचारी भी शामिल हो गए हैं। कोरोना से किसी तरह उबरने …

पूरा पढ़ें

नया लेबर कोड क्यों हैं घातक?: 1 अप्रैल से कैसे बंधुआ हो जाएगा मज़दूर- भाग:3

क्या फर्क पड़ेगा – कुछ बानगी देखें- न्यूनतम वेतन निर्धारण पर धोखाधड़ी वेतन श्रम संहिता में न्यूनतम वेतन तय करने के मानदंडों को ही समाप्त कर दिया गया है। पीस …

पूरा पढ़ें

नया लेबर कोड क्यों हैं घातक?: 1 अप्रैल से कैसे बंधुआ हो जाएगा मज़दूर- भाग:2

  क्या फर्क पड़ेगा – कुछ बानगी देखें- छँटनी-बन्दी होगा आसान औद्योगिक सम्बंध संहिता की धारा 77 के अनुसार 300 से कम मज़़दूरों वाले उद्योगों को कामबंदी (लेऑफ), छँटनी या …

पूरा पढ़ें
labour right

दुनिया में सबसे ज्यादा काम करके भी बहुत कम पैसा पाते हैं भारतीय मज़दूर, नए लेबर कोड से मज़दूरों को फायदा मिलने के आसार कम

केंद्र सरकार के नए लेबर कोड्स के मसौदे में सप्ताह में काम के कम दिनों की व्यवस्था को शामिल किया गया है। लाइवमिंट डॉटकाम के मुताबिक, इससे कामगारों के छोटे …

पूरा पढ़ें
chai bagan labour

मनरेगा से भी कम मज़दूरी में खटने को मज़बूर चाय बगान के मज़दूर

 कब तक मनरेगा से कम दिहाडी पर खटते रहेंगे असम के चाय बागानों के मजदूर देश की चाय की नहीं, चाय बागानों के मजदूरों की सुध लें पीएम असम के …

पूरा पढ़ें
https://www.workersunity.com/wp-content/uploads/2020/05/migrant-woman.jpg

प्रवासी मजदूरों के लिए बजट में केवल दिखावटी उपाय

बजट में प्रवासी मजदूरों के लिए सबसे खास यह है कि उनके परिवारों को भी एक राष्ट्र, एक राशन के तहत राशन की अनुमति दी जाएगी। लॉकडाउन के दौरान प्रवासी …

पूरा पढ़ें