Byju’s ने किया तिरुवनंतपुरम ऑफिस बंद ,170 कर्मचारियों को इस्तीफा देने का फ़रमान

एड-टेक कंपनी बायजूज (Byju’s) ने  तिरुवनंतपुरम के टेक्नोपार्क में स्थित अपने कार्यालय को बंद करने का ऐलान कर दिया है। साथ ही यहां काम कर रहे करीब  170 कर्मचारियों से  इस्तीफा देने को कहा गया है।

मंगलवार को बायजूज के  कर्मचारियों ने केरल  के श्रम एवं सामान्य  शिक्षा मंत्री वी. शिवनकुट्टी से मुलाकात कर मुआवजे और लंबित वेतन विवाद को  सुलझाने की मांग की थी।

शिवनकुट्टी के एक फेसबुक पोस्ट में कहा गया है –

‘टेक्नोपार्क तिरुवनंतपुरम से बायजूज  ऐप के कर्मचारी मुझसे मिलने आए थे। कर्मचारियों को नौकरी जाने समेत कई शिकायतें हैं। श्रम विभाग इस संबंध में एक गंभीर जांच करेगा।’

सोशल मीडिया पर पोस्ट किया

टेक्नोपार्क के कर्मचारियों के सामुदायिक मीडिया प्लेटफॉर्म टेक्नोपार्क टुडे ने अपने सोशल मीडिया पेजों पर पोस्ट किया कि बायजूज का प्रबंधन कर्मचारियों को इस्तीफा देने के लिए मजबूर कर रहा है।

कर्मचारियों की मांग है कि उनको नवंबर 2022 को अक्टूबर 2022 की वेतन का भुगतान किया जाना चाहिए।

इतना ही नहीं कर्मचारियों की मांग है कि उनको नवंबर 2022 से 31 जनवरी 2023 तक आगामी तीन महीनों के वेतन का भी भुगतान करना होगा।

50 हजार कर्मचारी कार्यरत

गौरतलब है कि वर्तमान में बायजूज के करीब 50,000 कर्मचारी हैं। वित्त वर्ष 2023 तक कंपनी को मुनाफे में लाने के लिए कर्मचारियों की संख्या को युक्तिसंगत बनाना होगा। इसके लिए चरणबद्ध तरीके से 5 प्रतिशत यानी 2,500 लोगों की छंटनी करने की उम्मीद है।

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कंपनी पर पहले भी लगे हैं कई आरोप

कंपनी पर नैतिकता से काम न करने के कई आरोप लगे हैं। 2021 में, बीबीसी ने Byju’s के झूठ को रिपोर्ट करते हुए रिफंड और सेवाओं की कमी से संबंधित ग्राहक विवाद के बारे में बताया था। इसके अलावा माता-पिता को कर्ज के बोझ में धकेलना और असंतुष्ट कर्मचारियों को आक्रामक लक्ष्यों के साथ धमकाया भी जाता है। बीबीसी के मुताबिक, पीड़ित माता-पिता ने आरोप लगाया कि उन्हें सेल्स एजेंटों द्वारा गुमराह किया गया था।

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