छत्तीसगढ़ वेदांता पावर प्लांट में मरने वाले मज़दूरों की संख्या 20 हुई, मरने वालों में यूपी, बिहार, पश्चिम बंगाल और झारखंड से
हादसे में मारे गए बृजेश कुमार (यूपी) और अमृतलाल पटेल (हाउस कीपर) की तस्वीर Curtsy- CG Khabar
छत्तीसगढ़ के सक्ती ज़िले में वेदांता पावर प्लांट में बॉयलर में विस्फोट की वजह से मरने वाले मज़दूरों की संख्या 20 हो गई है।
यह दुर्घटना मंगलवार को दोपहर 2.30 बजे के क़रीब हुई थी, जिसमें कम से कम 36 मज़दूर झुलस गए थे।
इंडियन एक्सप्रेस की एक ख़बर के अनुसार, सुपरहीटेड ट्यूब फट गया था जिससे 600 डिग्री सेंटीग्रेट तापमान वाला भाप नीचे गिरा, जहां लोग काम कर रहे थे।
छत्तीसगढ़ की वेबसाइट सीजी ख़बर के अनुसार, मारे गए लोगों में से 17 की पहचान हो गई है। इनमें चार मज़दूर छत्तीसगढ़ से, दो बिहार से, तीन झारखंड से, पांच पश्चिम बंगाल से और तीन उत्तर प्रदेश से हैं।
ख़बर मिली थी परिजन प्लांट के बाहर धरना देने बैठ गए थे। दबाव के चलते छत्तीसगढ़ की बीजेपी सरकार ने मजिस्ट्रियल जांच के आदेश दे दिए हैं।

जिनकी पहचान हो चुकी है उनकी जानकारी इस प्रकार है-
रितेश कुमार, सोनबरसा, बिहार
आकिब खान, दरभंगा, बिहार
तरुण कुमार ओझा, धनबाद, झारखंड
अशोक परहिया, पलामू, झारखंड
अब्दुल करीम, बोकारो, झारखंड
सुशात जेना, पूर्वी मिदनापुर, पश्चिम बंगाल,
शेख सैफुद्दीन, पूर्वी मिदनापुर, पश्चिम बंगाल
मानस गिरी, पूर्वी मिदनापुर, पश्चिम बंगाल
कार्तिक महतो, पीर्रा, पश्चिम बंगाल
शिवनाथ मुर्मू, पीर्रा, पश्चिम बंगाल
उद्धव सिंह यादव, रायगढ़, छत्तीसगढ़
रामेश्वर महिलांगे, जांजगीर-चांपा, छत्तीसगढ़
अमृतलाल पटेल, सक्ति, छत्तीसगढ़
थांडा राम लहरे, सक्ति, छत्तीसगढ़
पप्पू कुमार, सोनभद्र, उत्तरप्रदेश
बृजेश कुमार, सोनभद्र, उत्तरप्रदेश
नदीम अंसारी, कानपुर, उत्तरप्रदेश

कंपनी ने की मुआवज़े की घोषणा
इस बीच वेदांता प्रबंधन ने मृतकों के परिजनों को 35-35 लाख रुपये और नौकरी देने की घोषणा की है। घायलों को 15-15 लाख रुपए दिए जाएंगे।
प्रधानमंत्री राहत कोष से भी मृतकों के परिजनों को 2-2 लाख रुपये और घायलों को 50 हज़ार रुपये दिए जाएंगे। राज्य सरकार ने भी मृतकों के परिजनों को 5-5 लाख रुपये देने की घोषणा की है।
वेदांता प्रबंधन ने मृतक परिजनों को 35-35 लाख रुपए सहायता राशि और नौकरी देने का एलान किया है।
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